September 24, 2026
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प्रयागराज

अतीक-अशरफ की मौत के बाद बेटे अली की सरकारी पैसे से क्यों होगी पैरवी? कोर्ट ने लिया बड़ा फैसला

September 23, 2026 • Sarita Pandey

अतीक अहमद के बेटे अली अहमद को गैंगस्टर एक्ट मामले में सरकारी खर्चे पर वकील मिला है। अदालत के निर्देश पर विकास गुप्ता को अली की पैरवी की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

माफिया अतीक अहमद के बेटे अली अहमद से जुड़े गैंगस्टर एक्ट के मामले में अब उसकी कानूनी लड़ाई सरकारी खर्चे पर आगे बढ़ेगी। अली की ओर से अदालत में कहा गया था कि पिता अतीक अहमद और चाचा अशरफ की मौत के बाद कोई अधिवक्ता उसका मुकदमा लड़ने के लिए तैयार नहीं है। इस मांग के बाद अदालत के निर्देश पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने अली की पैरवी के लिए अधिवक्ता नियुक्त कर दिया है। अब इस मामले में अली की तरफ से कानूनी पक्ष रखने की जिम्मेदारी नियुक्त वकील की होगी।

अदालत में अली ने रखी थी अपनी बात

15 सितंबर 2026 को गैंगस्टर एक्ट के मामले में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए सुनवाई हुई थी। इस दौरान अली अहमद समेत अन्य आरोपियों की ओर से भी सरकारी खर्चे पर कानूनी सहायता उपलब्ध कराने की मांग रखी गई। अली ने अदालत को बताया था कि उसके पिता और चाचा की मौत के बाद कोई वकील उसकी तरफ से मुकदमे की पैरवी करने के लिए तैयार नहीं है। इसके बाद अदालत ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।

विकास गुप्ता को मिली अली की पैरवी की जिम्मेदारी

अदालत के निर्देश के बाद जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से कार्रवाई पूरी की गई। लीगल एड के चीफ डिफेंस काउंसिल विकास गुप्ता को अली अहमद की ओर से मुकदमे की पैरवी के लिए नियुक्त किया गया है। इसका मतलब है कि अब अली की ओर से अदालत में कानूनी दलीलें और जरूरी पैरवी सरकारी खर्चे पर की जाएगी। इसी मामले में मोहम्मद अरशद कटरा, कैश अहमद, राकेश उर्फ नाकेश, शारूक उर्फ शाहरुख, सदाकत खान और नियाज अहमद को भी विधिक सहायता उपलब्ध कराने की प्रक्रिया की गई है।

सरकारी वकील मिलने का मतलब क्या है?

किसी आरोपी को सरकारी खर्चे पर वकील मिलना कानूनी सहायता की प्रक्रिया का हिस्सा है। इसका यह अर्थ नहीं है कि आरोपी पर लगे आरोप खत्म हो गए हैं या वह मामले में दोषमुक्त हो गया है। गैंगस्टर एक्ट के मुकदमे में अदालत आगे उपलब्ध साक्ष्यों और कानूनी दलीलों के आधार पर कार्यवाही करेगी। अली अहमद फिलहाल जेल में बंद है और अलग-अलग मामलों में उसे अदालत के सामने पेश किया जाता रहा है। 21 सितंबर 2026 को रंगदारी से जुड़े एक मामले में भी उसकी प्रयागराज जिला अदालत में पेशी हुई थी। अब गैंगस्टर एक्ट मामले में कानूनी सहायता मिलने के बाद उसकी ओर से आगे की न्यायिक प्रक्रिया जारी रहेगी।

डिस्क्लेमर: यह खबर उपलब्ध प्रारंभिक जानकारी के आधार पर है। जांच पूरी होने से पहले किसी व्यक्ति पर आरोप या घटना के कारण को लेकर निष्कर्ष नहीं निकाला जा रहा है।

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